नैनो लैब:

“नैनो लैब” के ज़रिए विज्ञान नगरी पेश करती है सूक्ष्म आकार वाला विज्ञान – क्योंकि ना सिर्फ़ वैज्ञानिक क्षेत्रों में बल्कि सामाजिक तौर पर भी आज इसका एक अच्छा -ख़ासा असर है। इस लैब का एक मुख्य उद्देश्य दर्शकों को एक ऐसा अनुभव प्रदान करना है, जिसमें वह “स्वंय करें’’ वाले तरीक़े से आधुनिक विज्ञान को और तकनीकी बातों को समझें। विद्यार्थियों को नैनो-विज्ञान और तकनीक से जुड़ी शोध परियोजनाओं को शुरू करने के लिए प्रोत्साहित किया जाता है और पहले से समय तय कर के अपनी सुविधा के अनुसार या सप्ताहांत, छुट्टियों के दिन, अवकाश में उन्हें यहाँ कार्य करने की छूट है । संग्रहालयों के लिए नैनो-तकनीक एक चुनौती पूर्ण विषय है क्योंकि यह एक जटिल विज्ञान है और कभी-कभी संग्रहालयों के पास इस विषय के दक्ष व्यक्ति नहीं होते हैं। इसीलिए अनौपचारिक विज्ञान शिक्षण संस्थाएँ जैसे कि संग्रहालय, विश्वविद्यालयों, शोधकेन्द्रों, विज्ञान समितियों और निजी शोधकर्ताओं के साथ मिलकर नैनो-तकनीक जैसी अत्याधुनिक वैज्ञानिक विधा के लिए उचित मंच तैयार करती हैं। यहाँ साधारण लोग वैज्ञानिकों की दक्षता की सहायता से स्वंय ही प्रयास कर इस विधा की जानकारी ले सकते हैं। यह वैज्ञानिकों को भी अवसर प्रदान करती है कि वह आम लोगों तक पहुँच सकें।